गीतिका – नहीं समझो मुझे अबला | Nahi Samjho Mujhe Abla
आदरणीया अंशु विनोद गुप्ता जी की ( Geetika Nahi Samjho Mujhe Abla ) गीतिका - नहीं समझो मुझे अबला :- गीतिका - नहीं समझो मुझे अबला नहीं समझो मुझे अबला, भले कोमल सी' काया है। समर्पित कर दिया जीवन, सदा ही घर बसाया है। बड़े अरमान थे माँ के, उन्हें…

