ग़ज़ल – झूठ की ताज़ा ख़बर | Jhooth Ki Taza Khabar

आदरणीया अंशु विनोद गुप्ता जी की ग़ज़ल - झूठ की ताज़ा ख़बर अख़बार है ( Ghazal Jhooth Ki Taza Khabar ) :- ग़ज़ल - झूठ की ताज़ा ख़बर झूठ की ताज़ा ख़बर अख़बार है। हर ख़बर अब बन गई व्यापार है। कुछ नज़ाकत,कुछ नफ़ासत ये अना हुस्न की तो हर…

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मजदूर दिवस पर एक कविता | Mazdoor Diwas Poem Hindi

आप पढ़ रहे हैं 7 सितम्बर को मनाये जाने वाले मजदूर दिवस को समर्पित ( Mazdoor Diwas Poem In Hindi ) मजदूर दिवस पर एक कविता " मैं मजदूर हूँ " मजदूर दिवस पर एक कविता मैं धनुष से निकला बाण हूँ मैं नव निर्माण हूँ, मैं नव निर्माता हूँ…

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हिंदी कविता – रोटी | रोटी जुड़ी होती है | Roti Poem In Hindi

आप पढ़ रहें हैं आदरणीया मधु जी द्वारा रचित ( Roti Poem In Hindi ) हिंदी कविता - रोटी :- हिंदी कविता - रोटी ऐसा मन्ज़र हम अक्सर देखते हैं .. जब कभी निकलते हैं बाहर घूमने और किसी क्रासिंग पर रूकते हैं। छोटे-नन्हे बच्चे चले आते हैं गुब्बारे लिए…

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गीतिका – नहीं समझो मुझे अबला | Nahi Samjho Mujhe Abla

आदरणीया अंशु विनोद गुप्ता जी की ( Geetika Nahi Samjho Mujhe Abla ) गीतिका - नहीं समझो मुझे अबला :- गीतिका - नहीं समझो मुझे अबला नहीं समझो मुझे अबला, भले कोमल सी' काया है। समर्पित कर दिया जीवन, सदा ही घर बसाया है। बड़े अरमान थे माँ के, उन्हें…

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ग़ज़ल – सनम दीवानी हूँ तेरी | Sanam Diwani Hun Teri

आदरणीया अंशु विनोद गुप्ता जी की ( Ghazal Sanam Diwani Hun Teri ) ग़ज़ल – सनम दीवानी हूँ तेरी :- ग़ज़ल – सनम दीवानी हूँ तेरी सनम दीवानी हूँ तेरी, तुझे गुलफ़ाम लिक्खा है। हथेली पर हिना से यूँ, तेरा ही नाम लिक्खा है।। रुकी कब चाह उल्फ़त की, ज़माने…

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माँ पर हिंदी कविता :- माँ तो बस माँ होती है | Hindi Kavita Maa

आप पढ़ रहें हैं आदरणीया मधु जी द्वारा रचित ( Hindi Kavita On Meri Maa ) माँ पर हिंदी कविता "माँ तो बस माँ होती है" माँ पर हिंदी कविता 'मेरा पहला प्यार तुम्ही हो माँ ' यह आवाज़ मेरे दिल की, धड़कन में बसी होती है। भले ही मोहब्बत…

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नाती पर कविता :- आज मेरा नाती | Naati Par Hindi Kavita

आप पढ़ रहे हैं ( Naati Par Hindi Kavita ) नाती पर कविता :- नाती पर कविता आज मेरा नाती बना लंगूर, डाल पे लटके जैसे अंगूर। इसकी अदा बड़ी है प्यारी, हृदय में फूल खिलाने वाली। होठ इसके गुलाब के फूल, है चेहरे से टपकता नूर। इसकी ठुमक ठुमक…

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होली पर देश प्रेमी कविता :- आओ मिलकर खेलें होली

होली पर देश प्रेमी कविता ( Holi Par Desh Premi Kavita ) में पढ़िए आज के हालातों को सुधारने का संदेश देते आदरणीया कविता सिंह "वफ़ा" जी की यह रचना " आओ मिलकर खेलें होली " :- होली पर देश प्रेमी कविता आओ मिलकर खेलें होली निकले फिर मस्तों की…

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होली की मस्ती कविता :- होली का त्योहार | Poem On Holi

भुलाएँ सभी नफरतें और रहें सब मिल जुल कर। होली में करें खूब मस्ती। यही सन्देश दे रही है जगवीर सिंह चौधरी जी द्वारा रचित ( Poem On Holi Festival In Hindi ) होली की मस्ती कविता " होली का त्योहार है " :- होली की मस्ती कविता होली का…

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होली पर कविता :- ये रंगों की होली | Holi Par Hindi Kavita

आप पढ़ रहे हैं होली के पावन अवसर पर संदीप सिंधवाल जी द्वारा रचित बेहतरीन ( Holi Par Hindi Kavita ) होली पर कविता "ये रंगों की होली" :- होली पर कविता ये रंगों की होली एक बार आती बरस में इधर होली रंगते दिखाई देते हैं हर पल में।…

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नारी शक्ति कविता :- शक्ति स्वरूपा है | Kavita On Nari Shakti

आप पढ़ रहे हैं ( Hindi Kavita On Nari Shakti ) नारी शक्ति कविता "नारी शक्ति स्वरूपा है" नारी शक्ति कविता नारी शक्ति स्वरूपा है, नारी भक्ति रूपा है। नारी नादान अबला नहीं सुबला है, माँ दुर्गा, माँ भवानी, माँ कमला है। कभी दुर्गा, कभी भवानी, कभी रणचंडी कभी मर्दानी।…

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ग़ज़ल – इंसानियत से दूर है इंसान इन दिनों | Ghazal Insaniyat Se Door Hai

आप पढ़ रहे हैं आदरणीया कविता सिंह "वफ़ा" जी द्वारा रचित ( Ghazal Insaniyat Se Door Hai ) ग़ज़ल - इंसानियत से दूर है इंसान इन दिनों :- ग़ज़ल - इंसानियत से दूर होती नहीं है अपनों की पहचान इन दिनों! कैसे बचाई जाए भला जान इन दिनों !! इंसान…

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