मन में मधुमास आ गया हिंदी कविता
आप पढ़ रहे हैं हिंदी कविता मन में मधुमास आ गया :- मन में मधुमास आ गया मेरे उर अन्तस्थल को, जब से स्नेह मिला है तेरा । पतझड़ से नीरस मन में मधुमास आ गया। बिखर रहीं थीं मन की लड़ियाँ , तुमनें उन्हें पिरो डाली । जिससे पहुँचूं…

