हिंदी कविता अनुरोध | Hindi Kavita Anurodh
आप पढ़ रहे हैं हिंदी कविता अनुरोध :- हिंदी कविता अनुरोध तंज.. छेद देते हैं अंतर्मन... नासूर बन जाते हैं यह जहर बुझे शब्द। घुटन... तेजाब बन जला देती है संवेदनाएं । अनबोलापन.... खा जाता है रिश्तों को। अकेलापन... भयभीत करता है। तेज आवाजें सच को छुपाने में अक्षम रहती…

