आप पढ़ रहे हैं हिंदी कविता अनुरोध :-

हिंदी कविता अनुरोध

हिंदी कविता अनुरोध

तंज..
छेद देते हैं अंतर्मन…
नासूर बन जाते हैं
यह जहर बुझे शब्द।

घुटन…
तेजाब बन जला देती है संवेदनाएं ।

अनबोलापन….
खा जाता है रिश्तों को।

अकेलापन…
भयभीत करता है।

तेज आवाजें
सच को छुपाने में अक्षम रहती हैं।

लड़ाई …
किसी समस्या का हल नहीं।
सामाजिक तौर पर की गई बेज्जती
कई बार मजबूर कर देती है इंसान को आत्महत्या के लिए।

शारीरिक अत्याचार से कहीं अधिक घातक है… मानसिक अत्याचार,

शरीर के घाव भर सकते हैं,
आत्मा के घाव हरे ही रह जाते हैं…
समय-समय पर बहुत दुखते हैं।

ये सारी चीजें काफी हैं
एक इंसान को जिंदा लाश बनाने के लिए।

पीये गए कड़वाहट के घुट
बुरा समय टाल देते हैं।

स्नेह, प्रेमपूर्वक व्यवहार
संयमित वाणी,
बचा सकती है
अंधेरे की गर्त से।

अनुरोध है सभी से
खुश रहिए खुश रखिए।


रचनाकार का परिचय

निमिषा सिंघल

नाम : निमिषा सिंघल
शिक्षा : एमएससी, बी.एड,एम.फिल, प्रवीण (शास्त्रीय संगीत)
निवास: 46, लाजपत कुंज-1, आगरा

निमिषा जी का एक कविता संग्रह, व अनेक सांझा काव्य संग्रहों में रचनाएं प्रकाशित हैं। इसके साथ ही अनेक प्रतिष्ठित पत्र-पत्रिकाओं की वेबसाइट पर कविताएं प्रकाशित होती रहती हैं।

उनकी रचनाओं के लिए उन्हें कई पुरस्कारों से सम्मानित भी किया गया है जिनमे अमृता प्रीतम स्मृति कवयित्री सम्मान, बागेश्वरी साहित्य सम्मान, सुमित्रानंदन पंत स्मृति सम्मान सहित कई अन्य पुरुस्कार भी हैं।

“ हिंदी कविता अनुरोध ” (Hindi Kavita Anurodh ) के बारे में कृपया अपने विचार कमेंट बॉक्स में जरूर लिखें। जिससे रचनाकार का हौसला और सम्मान बढ़ाया जा सके और हमें उनकी और रचनाएँ पढ़ने का मौका मिले।

यदि आप भी रखते हैं लिखने का हुनर और चाहते हैं कि आपकी रचनाएँ हमारे ब्लॉग के जरिये लोगों तक पहुंचे तो लिख भेजिए अपनी रचनाएँ hindipyala@gmail.com पर या फिर हमारे व्हाट्सएप्प नंबर 9115672434 पर।

हम करेंगे आपकी प्रतिभाओं का सम्मान और देंगे आपको एक नया मंच।

धन्यवाद।

Leave a Reply