माँ दुर्गा पर कविता :- जगदम्बे माता | Maa Durga Par Kavita

नवरात्रि के पावन अवसर पर जगत्जननी श्री माता जी के चरणों में सादर समर्पित मेरी ओर से ( Maa Durga Par Kavita ) माँ दुर्गा पर कविता के रूप में यह अत्यंत लघु भेंट :-

माँ दुर्गा पर कविता

माँ दुर्गा पर कविता

जग जननी जगदम्बे माता ,
पथ आलोकित कर दे……..

धरती से अम्बर तक अम्बे,
कण कण में तूँ है ।
आठ प्रहर चौबीसों घड़ियाँ,
क्षण क्षण में तूँ है ।।
स्वर में मेरे, हे अम्बे माँ,
रसधार तरल भर दे….. ।।1।।
जग जननी जगदम्बे माता……

राह कँटीली, पथरीली है,
कैसे द्वारे आऊँ ।
जप तप पूजन, कुछ ना जानूँ,
कैसे तुम्हें मनाऊँ ।।
जीवन मेरा शून्य समन्वित,
सभी रिक्तियां भर दे ……. ।।2।।
जग जननी जगदम्बे माता ……

हो जाये झंकृत, काव्य अलंकृत,
ऐसा कुछ कर दे ।
बहे काव्य की धारा अविरल,
आशीष दास को दे दे ।।
मेरे लय तानों में मईया,
मधुर मधुर स्वर दे …….. ।।3।।
जग जननी जगदम्बे माता ……

पढ़िए :- माँ सरस्वती वंदना हिंदी कविता | मातु उर में रहो


रचनाकार का परिचय

रूद्र नाथ चौबे ("रूद्र")नाम – रूद्र नाथ चौबे (“रूद्र”)
पिता- स्वर्गीय राम नयन चौबे
जन्म परिचय – 04-02-1964

जन्म स्थान — ग्राम – ददरा , पोस्ट- टीकपुर, ब्लॉक- तहबरपुर, तहसील- निजामाबाद , जनपद-आजमगढ़ , उत्तर प्रदेश (भारत) ।

शिक्षा – हाईस्कूल सन्-1981 , विषय – विज्ञान वर्ग , विद्यालय- राष्ट्रीय इंटर कालेज तहबरपुर , जनपद- आजमगढ़ ।
इंटर मीडिएट सन्- 1983 , विषय- विज्ञान वर्ग , विद्यालय – राष्ट्रीय इंटर कालेज तहबर पुर , जनपद- आजमगढ़।
स्नातक– सन् 1986 , विषय – अंग्रेजी , संस्कृत , सैन्य विज्ञान , विद्यालय – श्री शिवा डिग्री कालेज तेरहीं कप्तानगंज , आजमगढ़ , (पूर्वांचल विश्व विद्यालय जौनपुर ) उत्तर प्रदेश।

बी.एड — सन् — 1991 , पूर्वांचल विश्व विद्यालय जौनपुर , उत्तर प्रदेश (भारत)
साहित्य रत्न ( परास्नातक संस्कृत ) , हिन्दी साहित्य सम्मेलन इलाहाबाद , उत्तर प्रदेश

पेशा- अध्यापन , पद – सहायक अध्यापक
रुचि – आध्यात्मिक एवं सामाजिक गतिविधियाँ , हिन्दी साहित्य , हिन्दी काव्य रचना , हिन्दी निबन्ध लेखन , गायन कला इत्यादि ।
अबतक रचित खण्ड काव्य– ” प्रेम कलश ” और ” जय बजरंगबली “।

अबतक रचित रचनाएँ – ” भारत देश के रीति रिवाज , ” बचपन की यादें ” , “पिता ” , ” निशा सुन्दरी ” , ” मन में मधुमास आ गया (गीत) ” , ” भ्रमर और पुष्प ” , ” काल चक्र ” , ” व्यथा भारत की ” इत्यादि ।

“ माँ दुर्गा पर कविता ” ( Maa Durga Par Kavita ) के बारे में कृपया अपने विचार कमेंट बॉक्स में जरूर लिखें। जिससे रचनाकार का हौसला और सम्मान बढ़ाया जा सके और हमें उनकी और रचनाएँ पढ़ने का मौका मिले।

यदि आप भी रखते हैं लिखने का हुनर और चाहते हैं कि आपकी रचनाएँ हमारे ब्लॉग के जरिये लोगों तक पहुंचे तो लिख भेजिए अपनी रचनाएँ hindipyala@gmail.com पर या फिर हमारे व्हाट्सएप्प नंबर 9115672434 पर।

हम करेंगे आपकी प्रतिभाओं का सम्मान और देंगे आपको एक नया मंच।

धन्यवाद।

Share on whatsapp
WhatsApp
Share on telegram
Telegram
Share on facebook
Facebook
Share on twitter
Twitter
Share on email
Email
Guru Mahima Par Kavita

Guru Mahima Par Kavita | Best Poem On Teacher

Guru Mahima Par Kavita आप पढ़ रहे हैं गुरु महिमा पर कविता :- Guru Mahima Par Kavitaगुरु महिमा पर कविता आंख मूंद

Shikshak Par Hindi Kavita

Shikshak Par Hindi Kavita | Beautiful Poem On Teachers

Shikshak Par Hindi Kavita आप पढ़ रहे हैं शिक्षक पर हिंदी कविता :- Shikshak Par Hindi Kavitaशिक्षक पर हिंदी कविता शिक्षा देने

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *